स्टेट डेस्क/छिन्दवाड़ा- मप्र की भाजपा सरकार में आदिवासी समाज की सुरक्षा व रक्षा भगवान भरोसे है, क्योंकि सरकार जनहित में नहीं बल्कि माफिया व गुंडाराज के हित में निर्णय ले रही है और उनकी ही सुरक्षा के लिए गम्भीर है। आदिवासियों को केवल और केवल वोट बैंक समझने वाली भाजपा के राज में लगातार आदिवासियों पर हो रहे अत्याचार के खिलाफ जिला महिला कांग्रेस आदिवासी प्रकोष्ठ ने जिला कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंचकर राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन प्रस्तुत किया

जिला महिला कांग्रेस आदिवासी प्रकोष्ठ ने प्रस्तुत ज्ञापन में उल्लेख किया कि आदिवासी पुरुषों के साथ मारपीट, उनकी निर्मम हत्या व आदिवासी की जमीनों को हड़पने व गैर आदिवासियों को बेचने का षड्यंत्र भाजपा की सरकार में रचा गया और अब आदिवासियों की बहन व बेटियों की अस्मत भी खुलेआम लूटी जा रही और भाजपा पूरी तरह से मौन है, पुलिस व प्रशासन ने भी चुप्पी साधी है। बालाघाट जिले के ग्राम दुगलाई में मासूम आदिवासी बेटियों के साथ सामूहिक दुष्कर्म की जघन्य वारदात को सात युवकों ने अंजाम दिया। आदिवासी बेटियों के साथ मारपीट की और जान से मारने की धमकी दी। इतना सबकुछ होने के बाद भी भाजपा चुप है यही भाजपा का आदिवासी विरोधी चेहरा है जिसे जनता ने अपनी खुली आंखों से देखा है।

महिला कांग्रेस आदिवासी प्रकोष्ठ ने राष्ट्रपति के नाम प्रस्तुत ज्ञापन के माध्यम से मांग की कि भाजपा सरकार आदिवासियों की सुरक्षा सुनिश्चित करे, साथ ही सामूहिक दुष्कर्म के सभी आरोपियों को फांसी की सजा दी जाए, साथ ही पीडित परिवार को आर्थिक, शैक्षणिक व स्वास्थ्य संबंधित सहायता प्रदान करें।

ज्ञापन प्रस्तुत करते समय गंगाप्रसाद तिवारी, ब्रज कुमारी सरयाम, रीना पहाड़े, दीपा यादव, रानू डेहरिया, याश्मीन बानो, शिव कुमार सिरसाम, दशरथ उइके, जुगराज पन्द्राम, मनोज मर्सकोले, पप्पू यादव, तुलसीराम वरकड़े, सुरेश कपाले, विनोद धुर्वे, स्नेह सरयाम, संजयलाल सरेयाम, दुर्गेश उइके, अविनाश ककोड़िया, राजू वाडिवा, अमित उइके सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस के पदाधिकारी व कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

KBP NEWS.IN
… जाहिद खान
9425391823

  • LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here

    10 − 3 =